ऑनलाइन न्यूज नेटवर्क (ONN)
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में गुरूवार दोपहर को बिजली, ओलावृष्टि और भारी बारिश के साथ आए भीषण तूफान से आसपास के इलाके बुरी तरह प्रभावित हुए, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। तूफान के कारण लोग घरों के अंदर ही रहे और वाहनों की धीमी गति के कारण यातायात जाम हो गया। वहीं, स्थानीय मौसम विज्ञान केंद्र ने शुक्रवार के लिए कुल्लू, मंडी, शिमला और सिरमौर जिलों में अलग-अलग स्थानों पर ओलावृष्टि, गरज, बिजली और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है।
सबसे ठंडा स्थान रहा कुकुमसेरी
वहीं, स्थानीय मौसम विज्ञान केंद्र ने शुक्रवार को चंबा, कांगड़ा और सोलन जिलों में कुछ स्थानों पर बिजली गिरने और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की ‘येलो अलर्ट’ भी जारी की गई है। मौसम विभाग ने राज्य में 10 जून तक बारिश होने का अनुमान लगाया है। न्यूनतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं हुआ। कुकुमसेरी राज्य का सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान में मामूली उतार-चढ़ाव रहा, जबकि नेरी राज्य का सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 38.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मौसम विभाग के अनुसार, शिमला में गुरूवार को एक घंटे के भीतर 32.8 मिमी बारिश हुई। बुधवार शाम से पिछले 24 घंटों में राज्य के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। बिजाही में 25 मिमी, उसके बाद सुंदरनगर में 19.6 मिमी, कुफरी में 13 मिमी, खदराला में सात मिमी, सोलन में छह मिमी, जोत में पांच मिमी, मनाली में चार मिमी, कोटखाई में 3.3 मिमी, भाभानगर में 1.6 मिमी और शिलारू में 1.2 मिमी बारिश दर्ज की गई।

