ऑनलाइन न्यूज़ नेटवर्क (ONN)
जिला सिरमौर के हरिपुरधार में दर्दनाक बस हादसे ने एक बार फिर क्षेत्र की कानून व्यवस्था और सड़क सुरक्षा पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। इस संवेदनशील मुद्दे को लेकर वरिष्ठ समाज सेवी नाथूराम चौहान ने नाहन में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया।
जिस दौरान उन्होंने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और प्रशासन की लापरवाही पर कड़ा प्रहार किया। नाथूराम चौहान ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि हरिपुरधार बस हादसा कोई सामान्य घटना नहीं है, बल्कि यह व्यवस्था की खामियों का नतीजा है। उन्होंने सवाल उठाया कि बार-बार होने वाले इन हादसों के बावजूद विभाग और सरकार गहरी नींद में क्यों सोए हुए हैं। चौहान ने कहा, “सड़कों की खस्ता हालत और ओवरलोडिंग पर लगाम न कसना प्रशासन की विफलता को दर्शाता है।”
चौहान ने कहा कि क्षेत्र की सड़कों पर सुरक्षा पैरापेट्स और चेतावनी बोर्ड्स का नामोनिशान नहीं है। इस हादसे के मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा और घायलों को बेहतरीन चिकित्सा सुविधा मुफ्त दी जाए।
उन्होंने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच करने की अपील की ताकि दोषियों की जवाबदेही तय हो सके। समाजसेवी नाथूराम चौहान ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि यदि जल्द ही सड़कों की स्थिति में सुधार नहीं किया गया और यातायात नियमों को सख्ती से लागू नहीं किया गया, तो उन्हें जनता के साथ मिलकर सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि जनता की जान इतनी सस्ती नहीं है कि इसे विभाग की लापरवाही की भेंट चढ़ा दिया जाए।
इस दौरान समाजसेवी नाथूराम चौहान सिविल अस्पताल नाहन पहुंचे और घायलों का हालचाल जाना। साथ ही स्वास्थ्य सुविधाओं का भी जायजा लिया।द
