ऑनलाइन न्यूज नेटवर्क (ONN)
चंडीगढ़ के सेक्टर-43 अंतरराज्यीय बस स्टैंड पर शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम (HRTC) और चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (CTU) के कर्मचारियों के बीच जबरदस्त टकराव देखने को मिला। विवाद एक महिला यात्री से ‘जबरन शिकायत’ लिखवाने को लेकर शुरू हुआ, जिसने देखते ही देखते उग्र प्रदर्शन और नारेबाजी का रूप ले लिया। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हो गई कि HRTC कर्मियों ने CTU प्रबंधन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।
विवाद की जड़: एक टिकट और ‘फर्जी’ शिकायत?
घटनाक्रम के अनुसार, सुबह हमीरपुर जाने वाली बसों के समय को लेकर विवाद उपजा। एक महिला यात्री को HRTC काउंटर से सुबह 10:20 बजे की बस का टिकट दिया गया था। आरोप है कि CTU के कुछ कर्मचारियों ने उस महिला यात्री से यह लिखित शिकायत ले ली कि वह CTU की बस से जाना चाहती थी, लेकिन उसे जानबूझकर HRTC का टिकट थमाया गया।
वीडियो खुलासे ने पलटी बाजी
विवाद ने तब नया मोड़ ले लिया जब संबंधित महिला यात्री का एक वीडियो सामने आया। वीडियो में महिला ने सनसनीखेज दावा किया कि “उससे डरा-धमकाकर या बिना पूरी जानकारी दिए शिकायत पर हस्ताक्षर करवाए गए।” इस खुलासे के बाद HRTC के चालक और परिचालक भड़क गए और उन्होंने काम रोककर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
निलंबन की मांग
HRTC कर्मियों ने CTU के सहायक स्टेशन अधीक्षक (ASS) को तुरंत निलंबित करने की मांग उठाई है। हिमाचल पथ परिवहन निगम चालक-परिचालक संघ के उपाध्यक्ष नवीन ठाकुर ने कहा कि CTU प्रबंधन को इस गुंडागर्दी के खिलाफ लिखित शिकायत दी जा रही है।

