ऑनलाइन न्यूज नेटवर्क (ONN)
आज दिल दहला देने वाली घटना उस समय सामने आई, जब एक नवजात शिशु की रोने की आवाज खोली गांव के वार्ड नंबर 7 में प्रातः लगभग 4.00 बजे लोगों ने सुनी। लगातार बच्चे की आवाज सुनकर पड़ोस के लोग जगे तथा उन्होंने देखा कि एक मकान के पिछवाड़े में एक नवजात शिशु बिना कपड़ों के रो रहा था। लोगों में इस बात को लेकर चर्चा थी कि कलियुगी मां-बाप ही उसे फैंक कर गए होंगे। लोगों ने मौके पर आकर देखा तो एक बच्चा, जोकि लड़का था, बिना कपड़ों के वहां पड़ा हुआ। प्रधान ने बच्चे को सुरक्षित लपेट कर इसकी सूचना कांगड़ा थाना में दी। उसके बाद बच्चे को उपचार के लिए डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद मैडीकल कॉलेज टांडा ले जाया गया। उपचार के दौरान बच्चों की मौत हो गई।
पुलिस ने भारतीय न्यायिक संहिता की धारा 3(5) व 93 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इन धाराओं में उन मां-बाप को सजा का प्रावधान है, जिन्होंने बच्चों को बेरहमी से कहीं फैंक दिया है तथा उसकी देखरेख नहीं की। पुलिस के अनुसार अब इस बात की छानबीन करेंगे कि पिछले 24 घंटे में कांगड़ा के आसपास किन-किन क्षेत्रों में नवजात शिशु हुए हैं, ताकि आरोपियों तक पहुंचे जा सके। पुलिस ने मामला दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम करवा कर छानबीन शुरू कर दी है।

