ऑनलाइन न्यूज नेटवर्क (ONN)
हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की आज (सोमवार, 20 जुलाई) होने वाली बैठक प्रदेश के हजारों बेरोजगार युवाओं, शिक्षकों, किसानों, बागवानों और विभिन्न सरकारी विभागों के कर्मचारियों के लिए बेहद अहम साबित हो सकती है. मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में प्रदेश सचिवालय में होने वाली इस बैठक में कई ऐसे प्रस्तावों पर अंतिम निर्णय लिए जाने की संभावना है, जिनका लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है.

सबसे अधिक नजरें सीबीएसई स्कूलों में शिक्षक भर्ती, मंडी मध्यस्थता योजना (एमआईएस) के तहत सेब खरीद के नए नियम, फलों के समर्थन मूल्य में संभावित बढ़ोतरी और सहायक वन रक्षक कैडर के गठन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर टिकी हुई हैं. इसके साथ ही विभिन्न विभागों में खाली पदों को भरने और नए पद सृजित करने संबंधी प्रस्तावों पर भी कैबिनेट की मुहर लग सकती है. कैबिनेट बैठक में स्वास्थ्य, शिक्षा, वन, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज, कृषि और बागवानी विभाग सहित कई महत्वपूर्ण विभागों के एजेंडे चर्चा के लिए रखे जाएंगे. इन प्रस्तावों पर विस्तृत विचार-विमर्श के बाद सरकार कई बड़े प्रशासनिक और जनहित से जुड़े फैसले ले सकती है.

सीबीएसई स्कूलों में शिक्षक भर्ती पर टिकी निगाहें
प्रदेश के 145 सीबीएसई से संबद्ध सरकारी स्कूलों में लंबे समय से अटकी शिक्षक भर्ती प्रक्रिया आज निर्णायक मोड़ पर पहुंच सकती है. मंत्रिमंडल के समक्ष शिक्षकों की नियुक्ति का प्रस्ताव रखा जाएगा. यदि इसे मंजूरी मिलती है तो हजारों चयनित अभ्यर्थियों और सीबीएसई सब-कैडर शिक्षकों को बड़ी राहत मिलेगी. वहीं, बागवानी विभाग मुख्यमंत्री की प्राथमिक स्वीकृति के बाद मंडी मध्यस्थता योजना (एमआईएस) के संशोधित नियम कैबिनेट के सामने रखेगा. प्रस्ताव के अनुसार अब केवल पंजीकृत बागवानों से ही सेब की खरीद की जाएगी. साथ ही एक बागवान से अधिकतम 30 बोरी सेब खरीदने की सिफारिश की गई है.
हालांकि, अंतिम फैसला कैबिनेट करेगी और जनहित को देखते हुए इस सीमा में बदलाव भी संभव माना जा रहा है. इसके साथ ही प्रदेश सरकार इस बार किसानों और बागवानों को राहत देने की तैयारी में है. पिछले वर्ष समर्थन मूल्य में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई थी, लेकिन इस बार सेब और आम के मौजूदा 12 रुपये प्रति किलो तथा नींबू प्रजाति के फलों के 10 रुपये प्रति किलो समर्थन मूल्य में वृद्धि पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है.
अलग कैडर बनाने का प्रस्ताव
सहायक वन रक्षकों के लिए नया कैडर वन विभाग ने सहायक वन रक्षकों के लिए नियमों का पूरा प्रारूप तैयार कर लिया है. इसे मंजूरी के लिए मंत्रिमंडल के समक्ष रखा जाएगा. विभाग ने सहायक वन रक्षकों का अलग कैडर बनाने का भी प्रस्ताव तैयार किया है. मंजूरी मिलने पर वन विभाग की कार्यप्रणाली और भर्ती व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकते हैं. इसके अलावा विभिन्न विभागों में रिक्त पदों को भरने, नए पदों के सृजन और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने से जुड़े कई अन्य प्रस्तावों पर भी कैबिनेट की मुहर लगने की संभावना है.

