8.1 C
New York
Sunday, March 22, 2026

Buy now

Sirmour: विधायक के औचक निरीक्षण में गायब मिला स्टाफ; BMO सहित 10 को कारण बताओ नोटिस

ऑनलाइन न्यूज नेटवर्क (ONN)

जिला सिरमौर के नाहन में सरकारी तंत्र की बड़ी लापरवाही सामने आई है। नाहन के विधायक श्री अजय सोलंकी द्वारा खंड चिकित्सा अधिकारी (BMO) कार्यालय धगेरा के औचक निरीक्षण के दौरान पूरा कार्यालय स्टाफ गायब पाया गया। इस गंभीर अनुशासनहीनता पर कड़ा संज्ञान लेते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) सिरमौर ने BMO सहित कुल 10 अधिकारियों व कर्मचारियों को ‘कारण बताओ’ नोटिस (Show Cause Notice) जारी कर 3 दिन के भीतर जवाब तलब किया है।

क्या है पूरा मामला?

जानकारी के अनुसार, 17 मार्च 2026 को सुबह 10:15 बजे विधायक अजय सोलंकी ने अचानक BMO कार्यालय धगेरा का दौरा किया। विधायक को वहां कार्यालय बंद मिला और कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर मौजूद नहीं था। विधायक ने तुरंत इसकी सूचना उच्चाधिकारियों को दी।

विधायक की सूचना पर जब CMO सिरमौर ने खुद सुबह 11:45 बजे मौके पर दबिश दी, तब भी कार्यालय में सन्नाटा पसरा था। नोटिस के अनुसार, केवल एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी प्रेम पाल मौके पर मौजूद थे, लेकिन उन्हें भी बाकी स्टाफ की लोकेशन के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। बाकी अधिकांश कर्मचारी दोपहर 11:55 बजे के बाद कार्यालय पहुंचे।

निरीक्षण के दौरान BMO धगेरा, डॉ. मनीषा अग्रवाल ने तर्क दिया कि वह त्रिमली में एक मेडिकल कैंप में गई थीं। हालांकि, जब CMO ने संबंधित कैंप की इंचार्ज डॉ. छवि बंसल से फोन पर बात की, तो उन्होंने BMO की वहां मौजूदगी से साफ इनकार कर दिया। इसे ड्यूटी में लापरवाही के साथ-साथ उच्चाधिकारियों को गलत सूचना देने का भी गंभीर मामला माना जा रहा है।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) सिरमौर द्वारा जारी इस ‘कारण बताओ’ नोटिस की जद में आए अधिकारियों और कर्मचारियों में खंड चिकित्सा अधिकारी (BMO) धगेरा डॉ. मनीषा अग्रवाल के साथ-साथ कार्यालय के 9 अन्य कर्मचारी शामिल हैं। इनमें राजीव वालिया (सुपरिंतेंडेंट ग्रेड-II), (सीनियर असिस्टेंट), रोहित कुमार (BPM), बनिता नेगी (अकाउंटेंट, NHM), प्रदीप कुमार (फार्मेसी ऑफिसर), कनिष्क अहलूवालिया (DEO), (क्लर्क), कृष्णा राठौर (हेल्थ एजुकेटर) और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी प्रदीप कुमार के नाम शामिल हैं।

होगी कड़ी कार्रवाई

CMO सिरमौर ने नोटिस में स्पष्ट किया है कि बार-बार निर्देशों के बावजूद ड्यूटी से नदारद रहना घोर लापरवाही है। यदि 3 दिनों के भीतर संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया, तो इन सभी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए मामला उच्चाधिकारियों को भेज दिया जाएगा।

इस मामले की गंभीरता को देखते हुए, नियमानुसार इस पूरी कार्रवाई और जारी किए गए नोटिस की प्रति (Copy) स्वास्थ्य सेवा निदेशक (Director of Health Services), हिमाचल प्रदेश, शिमला को भी आवश्यक सूचना एवं आगामी उचित कार्रवाई हेतु प्रेषित कर दी गई है।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles